नई दिल्ली: दिल्ली उच्च न्यायालय ने मंगलवार (7 जुलाई) को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के एक्स अकाउंट को अनब्लॉक करने का आदेश दिया। अदालत का यह फैसला केंद्र सरकार की ओर से आपत्ति न होने की बात कहे जाने के बाद आया है।
जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने केंद्र सरकार की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता के उपस्थित होने और खाता अनब्लॉक किए जाने की पुष्टि करने के बाद खाता अनब्लॉक करने का निर्देश पारित किया।
NEET परीक्षा के मद्देनजर ब्लॉक किया गया कॉकरोच जनता पार्टी का अकाउंट
सॉलिसिटर जनरल मेहता ने आगे कहा कि राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) के मद्देनजर खाता ब्लॉक किया गया था।
मेहता ने कहा कि ” इसे उस समय ब्लॉक किया गया था जब NEET की परीक्षा होने वाली थी। लाखों छात्र इसमें शामिल होने वाले थे। एक्स पर कई ऐसी पोस्ट थीं जिनसे छात्रों और अभिभावकों के बीच अफरातफरी मच सकती थी। अब परीक्षा हो चुकी है। “
जस्टिस शर्मा ने कहा कि तब अकाउंट को अनब्लॉक कर दिया जाना चाहिए। सॉलिसिटर जनरल मेहता ने कहा, “मुझे कोई दिक्कत नहीं है। मैं बस चाहता हूं कि सभी लोग ज्यादा सावधानी बरतें।”
इसके बाद अदालत ने CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके की याचिका को मंजूरी दे दी।
बताते चलें कि दिपके ने सरकार के उस ब्लॉक करने के आदेश को चुनौती देते हुए कोर्ट का रुख किया जिसमें हैंडल पर रोक लगाने के लिए राष्ट्रीय सुरक्षा का हवाला दिया गया था।
‘द इंडियन एक्सप्रेस’ के मुताबिक, इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) से मिली जानकारी के आधार परजिसमें “राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी चिंताएं” जताई गई थीं, केंद्र सरकार ने CJP के X अकाउंट को ब्लॉक करने का आदेश दिया।
रिपोर्ट में कहा गया है कि इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने X से कहा कि वह सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 (IT Act) की धारा 69 (A) के तहत अकाउंट को रोक दे।
दिल्ली हाई कोर्ट ने पिछली सुनवाई में अकाउंट बहाल करने से किया था इंकार
29 मई को हुई पिछली सुनवाई में हाई कोर्ट ने अकाउंट को तुरंत बहाल करने का आदेश देने से इनकार कर दिया था। कोर्ट ने कहा कि वह सरकार का पक्ष सुनने के बाद ही ऐसी राहत दे सकता है क्योंकि इस मामले के दूरगामी परिणाम हो सकते हैं।
कोर्ट ने आगे कहा कि केंद्र सरकार की ओर से विस्तृत जवाब दाखिल किए जाने के बाद वह इस बात पर विचार करेगा कि क्या ‘X’ को ब्लॉकिंग ऑर्डर रिकॉर्ड पर रखने का निर्देश दिया जा सकता है।
केंद्र सरकार ने आज अकाउंट को अनब्लॉक करने पर कोई आपत्ति नहीं जताई। गौरतलब है कि ” कॉकरोच जनता पार्टी ” हाल ही में एक व्यंग्यात्मक ऑनलाइन आंदोलन के रूप में उभरी है जिसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर खासकर युवा यूजर्स के बीच काफी लोकप्रियता मिली है।
इस ऑनलाइन मूवमेंट को बहुत ज्यादा लोकप्रियता मिली। X पर इसके लाखों फॉलोअर्स हैं और Instagram पर 22 मिलियन से ज्यादा फॉलोअर्स हैं।
सुप्रीम कोर्ट में सीजेआई की टिप्पणी के बाद शुरू हुआ मूवमेंट
बता दें कि इस मूवमेंट की शुरुआत 15 मई को सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही के दौरान हुई जिसमें CJI सूर्य कांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने इस बात पर चिंता जताई कि युवा वकील वकालत छोड़कर सोशल मीडिया और RTI एक्टिविज्म की ओर जा रहे हैं। CJI कांत ने कहा कि ऐसे “युवा कॉकरोच की तरह” समाज में परजीवी बन रहे हैं।
हालांकि बाद में मुख्य न्यायाधीश ने स्पष्ट किया कि उनकी टिप्पणियां फर्जी योग्यताओं और फर्जी डिग्रियों के माध्यम से पेशे में प्रवेश करने वाले व्यक्तियों पर लक्षित थीं न कि आम तौर पर बेरोजगार युवा भारतीयों पर।
कॉकरोच जनता पार्टी की शुरुआत अमेरिका के बोस्टन निवासी अभिजीत दिपके ने की थी। यह समूह बेरोजगारी, संस्थागत जवाबदेही और मीडिया की स्वतंत्रता जैसे मुद्दों पर राजनीतिक व्यंग्य के माध्यम से टिप्पणी करता है।
सीजेपी के बैनर तले चल रहे आंदोलन में NEET और अन्य प्रश्न पत्रों के लीक होने के मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की जा रही है। इसके लिए सैकड़ों की संख्या में लोग जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
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