मैसेजिंग और चैट प्लेटफॉर्म WhatsApp जल्द ही अपने तीन अरब से अधिक यूजर्स के लिए एक ऐसा फीचर लाने जा रहा है, जिसका लंबे समय से इंतजार किया जा रहा था। Meta के स्वामित्व वाले इस मैसेजिंग प्लेटफॉर्म पर अब यूजर अपना मोबाइल नंबर साझा किए बिना भी नए लोगों से जुड़ सकेंगे। इसमें ये व्यवस्था होगी कि यूजर अपने फोन नंबर की जगह एक यूनिक यूजरनेम से चैट कर सकेंगे।
कंपनी ने यूजरों को अपने लिए नया यूजरनेम रिजर्व करने या बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। फीचर को रोल आउट भले ही कर दिया गया है, लेकिन अभी ये सभी यजरों के मोबाइल पर नहीं दिखेगा। कंपनी का कहना है कि आने वाले कुछ महीनों में यह फीचर सभी यूजर्स तक पहुंचाया जाएगा। इसके बाद वे चाहें तो नए लोगों से बातचीत के दौरान अपना मोबाइल नंबर छिपाकर केवल यूजरनेम साझा कर सकेंगे।
किसी से बात करें, मोबाइल नंबर की प्राइवेसी बरकरार रहेगी
WhatsApp की शुरुआत से ही किसी नए व्यक्ति से चैट करने के लिए मोबाइल नंबर साझा करना जरूरी रहा है। दोस्तों, परिवार और ऑफिस आदि के साथियों के लिए इसमें कोई दिक्कत भी नहीं है। हालांकि, किसी अनजान व्यक्ति, बिजनेस, कम्युनिटी ग्रुप या प्रोफेशनल नेटवर्किंग के दौरान मोबाइल नंबर साझा करना कई लोगों के लिए प्राइवेसी को लेकर चिंता का विषय बन जाता है।
मोबाइल नंबर आज सिर्फ कॉल और मैसेज तक सीमित नहीं है। यह बैंकिंग, UPI, डिजिटल पेमेंट, पहचान सत्यापन और कई ऑनलाइन सेवाओं से भी जुड़ा होता है। ऐसे में किसी नए व्यक्ति के साथ नंबर साझा करने का मतलब कई बार अपनी जरूरत से ज्यादा व्यक्तिगत जानकारी साझा करना भी होता है।
WhatsApp का कहना है कि नया यूजरनेम फीचर इसी समस्या का समाधान करेगा। यूजर अब अपने अकाउंट के लिए एक यूनिक यूजरनेम चुन सकेंगे और यदि वे चाहें तो नए शख्स से केवल उसी यूजरनेम के जरिए बातचीत शुरू कर सकेंगे। इसमें मोबाइल नंबर तब तक दिखाई नहीं देगा, जब तक वे स्वयं उसे साझा न करें।
कैसे बनाए अपना नया यूजरनेम?
यूजरनेम रिजर्व करने के लिए WhatsApp के लेटेस्ट वर्जन में जाकर Settings में जाना होगा। इसके बाद Account में जाएं और फिर Username विकल्प का इस्तेमाल कर सकेंगे। आईफोन यूजर्स के लिए यह विकल्प प्रोफाइल सेक्शन में उपलब्ध होगा। हालांकि अभी सभी यूजरों में ये नजर नहीं आ रहा है। आने वाले दिनों में ये अपडेट उनके अकाउंट पर दिखने लगेगा।
यूजरनेम आधारित मैसेजिंग कोई नई बात नहीं है। Telegram कई वर्षों से यह सुविधा देता आ रहा है, जबकि Signal ने भी 2024 में ऐसा फीचर शुरू किया था। हालांकि व्हाट्सऐप ने इसे अलग तरीके से लागू करने का फैसला किया है।
सबसे बड़ा अंतर यह है कि व्हाट्सऐप पर कोई व्यक्ति केवल किसी यूजरनेम का कुछ हिस्सा लिखकर लोगों को खोज नहीं सकेगा। किसी को पहला मैसेज भेजने के लिए उसका पूरा और सटीक यूजरनेम पता होना जरूरी होगा।
कंपनी का मानना है कि इससे स्पैम, अनचाहे मैसेज और फर्जी कॉन्टैक्ट के अनुरोधों पर काफी हद तक रोक लगेगी, जबकि यूजर को फोन नंबर साझा किए बिना बातचीत करने की सुविधा भी मिल जाएगी।
हालांकि यह नया फीचर व्हाट्सऐप चलाने के लिए मोबाइल नंबर की जरूरत को पूरी तरह खत्म नहीं करेगा। WhatsApp अकाउंट बनाने और इस्तेमाल करने के लिए फोन नंबर पहले की तरह जरूरी रहेगा। इसके अलावा जिन लोगों के पास पहले से आपका नंबर सेव है या जिन ग्रुप और चैट में आपका नंबर पहले से दिखाई देता है, वहां कोई बदलाव नहीं होगा। यह सुविधा मुख्य रूप से उन नई चैट पर लागू होगी, जो यूजरनेम के जरिए शुरू की जाएंगी।
3 से 35 अक्षरों का होगा यूजरनेम
WhatsApp ने बताया है कि यूजरनेम 3 से 35 अक्षरों के बीच होगा। यदि कोई यूजरनेम पहले से लिया जा चुका होगा तो ऐप खुद वैकल्पिक नाम सुझाएगा। यूजर चाहें तो बाद में अपना यूजरनेम बदल या हटा भी सकेंगे। यह सुविधा पूरी तरह वैकल्पिक होगी और जो लोग पहले की तरह मोबाइल नंबर के जरिए व्हाट्सऐप का इस्तेमाल करना चाहते हैं, वे ऐसा कर सकेंगे।
कंपनी का कहना है कि इस फीचर से कंटेंट क्रिएटर्स, ब्रांड्स, बिजनेस और ऑर्गनाइजेशन आदि को भी बड़ा फायदा मिलेगा। ऐसे यूजरों को इंस्टाग्राम और फेसबुक पर इस्तेमाल किए जा रहे यूजरनेम को यहां भी इस्तेमालकरने की सुविधा दी जाएगी, जिससे मेटा के सभी प्लेटफॉर्म पर उनकी एक जैसी डिजिटल पहचान बनी रहे।
इसके अलावा कंपनी सेलिब्रिटीज, सार्वजनिक हस्तियों, राजनेताओं और सरकारी संस्थाओं के आधिकारिक यूजरनेम भी सुरक्षित रखेगी, ताकि उनके नाम पर फर्जी अकाउंट जैसी घटनाओं को कम किया जा सके।
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