Home भारत डेरा सच्चा सौदा प्रमुख राम रहीम को 15वीं बार मिली पैरोल, जेल...

डेरा सच्चा सौदा प्रमुख राम रहीम को 15वीं बार मिली पैरोल, जेल से बाहर बिताएंगे 40 दिन

डेरा सच्चा सौदा प्रमुख राम रहीम को 15वीं बार पैरोल मिली है जिसके बाद वह रोहतक की जेल से बाहर पहुंचे। यह पैरोल 40 दिनों के लिए है।

ram rahim gets parole for 15th time 40 days outside jail, राम रहीम
फोटोः आईएएनएस

रोहतकः डेरा सच्चा सौदा प्रमुख राम रहीम को रोहतक की सुनारिया जेल से 40 दिनों के लिए पैरोल मिली है। पैरोल के बाद वह सिरसा स्थित डेरा मुख्यालय पहुंचे जहां वे पैरोल की अवधि पूरी करेंगे। 2017 में दोषी ठहराए जाने के बाद से राम रहीम की यह 15वीं पैरोल है।

यह पैरोल डेरा सच्चा सौदा के दूसरे उत्तराधिकारी शाह सतनाम महाराज की जयंती की तैयारियों के साथ मेल खाती है, जो 25 जनवरी को पड़ती है और सिरसा परिसर में सत्संग और एक बड़े सामुदायिक भोज सहित पूरे महीने चलने वाले धार्मिक कार्यक्रमों द्वारा मनाई जाती है।

राम रहीम के वकील ने पैरोल पर क्या कहा?

इस फैसले का बचाव करते हुए राम रहीम के वकील ने कहा कि पैरोल हर दोषी को प्राप्त वैधानिक अधिकार है। कानून के तहत, एक कैदी को एक वर्ष में अधिकतम 70 दिनों की पैरोल और 21 दिनों की फरलो दी जा सकती है और वर्तमान रिहाई इसी दायरे में आती है। वकील ने कहा, “ऐसा नहीं है कि केवल ‘गुरु जी’ को ही यह अधिकार दिया जा रहा है। राज्य के लगभग 6,000 अन्य कैदी भी इस सुविधा का लाभ उठा रहे हैं।”

वकील ने स्पष्ट किया कि पैरोल अदालतों द्वारा नहीं बल्कि सजा समीक्षा बोर्ड द्वारा दी जाती है और इसका मूल्यांकन दोषी के जेल के अंदर के आचरण और सुधार की संभावना जैसे कारकों के आधार पर किया जाता है।

दो पैरोल के बीच छह महीने का अनिवार्य अंतराल आवश्यक है और यदि रिहाई को सार्वजनिक सुरक्षा या कानून व्यवस्था के लिए खतरा माना जाता है तो पैरोल से इनकार किया जा सकता है। वकील ने आगे बताया कि ऐसे अनुरोधों पर निर्णय लेते समय अपराध की प्रकृति पर भी विचार किया जाता है।

गौरतलब है कि अपनी दो शिष्याओं के साथ बलात्कार के आरोप में 20 साल की सजा काट रहे सिंह को सोमवार को रोहतक की सुनारिया जेल से नवीनतम पैरोल मिलने के बाद रिहा कर दिया गया।

विपक्ष ने निशाना साधा

इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार (5 जनवरी) को दिल्ली दंगा मामले में उमर खालिद और शरजील इमाम की जमानत रद्द की। इसके अलावा इस मामले में कई अन्य लोगों को जमानत दी। इनमें गुलफिशा फातिमा, मीरान हैदर, शिफा उर रहमान और अन्य शामिल हैं।

यह भी पढ़ें – ‘आपकी भूमिका दूसरों से अलग’, दिल्ली दंगा मामले में उमर खालिद और शरजील इमाम की जमानत याचिका SC ने की खारिज

ऐसे में 20 साल की सजा के आरोपी गुरमीत राम रहीम को पैरोल मिलने पर विपक्ष ने निशाना साधा है। सीपीआई एम के राज्यसभा सांसद जॉन ब्रिटास ने इस पर एक्स पर एक पोस्ट की और सवाल उठाए। उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा “उमर खालिद को जमानत नहीं मिली — उन्हें कठोर UAPA कानून के तहत पांच साल से अधिक समय से हिरासत में रखा गया है, जबकि मुकदमा अभी शुरू भी नहीं हुआ है। मुकदमे से पहले की कैद कोई सजा नहीं है!!”

वहीं, राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के सांसद मनोज झा ने कहा कि जमानत से इनकार किए जाने से “चिंताजनक सवाल” उठते हैं।

author avatar
अमरेन्द्र यादव
लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति शास्त्र में स्नातक करने के बाद जामिया मिल्लिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई। जागरण न्यू मीडिया में बतौर कंटेंट राइटर काम करने के बाद 'बोले भारत' में कॉपी राइटर के रूप में कार्यरत...सीखना निरंतर जारी है...

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version