Home भारत राहुल गांधी ने मानहानि मामले में जताया खेद, शिवराज सिंह के बेटे...

राहुल गांधी ने मानहानि मामले में जताया खेद, शिवराज सिंह के बेटे से जुड़ा है कनेक्शन

राहुल गांधी के खिलाफ यह आपराधिक मानहानि का यह मामला 2018 के विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान गांधी की उन टिप्पणियों से जुड़ा है जिनमें उन्होंने आरोप लगाया था कि पनामा पेपर्स लीक में कार्तिकेय सिंह चौहान का नाम शामिल था।

rahul-gandhi regrets before mp high court in defamation case shivraj singh son, राहुल गांधी
फोटोः समाचार एजेंसी आईएएनएस

नई दिल्ली: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के समक्ष एक मानहानि मामले में खेद व्यक्त किया है। राहुल ने 2018 में मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव के दौरान की गई टिप्पणी मामले में खेद प्रकट किया है। उनकी टिप्पणियों के कारण पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय सिंह चौहान ने उनके खिलाफ आपराधिक मुकदमा दायर किया था।

गांधी के खिलाफ आपराधिक कार्यवाही को चुनौती देने वाली उनकी याचिका पर सुनवाई के दौरान उनके वकील ने हाई कोर्ट की जबलपुर बेंच को बताया कि कांग्रेस नेता भाषण के एक दिन बाद जारी किए गए सार्वजनिक स्पष्टीकरण पर कायम हैं और उन्होंने कार्तिकेय सिंह चौहान के बारे में की गई गलत टिप्पणी पर खेद जताया है।

राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश हाई कोर्ट में क्या जानकारी दी?

राहुल गांधी की ओर से अदालत में दी गई जानकारी के मुताबिक, मानहानि करने वाला कथित बयान 29 अक्टूबर 2018 को झाबुआ में एक चुनावी रैली के दौरान पनामा पेपर्स विवाद का जिक्र करते हुए दिया गया था। उनके वकील ने अदालत को बताया कि अगले ही दिन गांधी को एहसास हुआ कि कार्तिकेय सिंह चौहान का नाम गलती से लिया गया था। उन्होंने 30 अक्टूबर 2018 को सार्वजनिक रूप से स्पष्ट किया कि उनका मतलब छत्तीसगढ़ के तत्कालीन मुख्यमंत्री के बेटे से था न कि कार्तिकेय सिंह चौहान या उनके पिता मध्य प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री से।

गांधी के वकील ने आगे कहा कि कांग्रेस नेता अपनी उस सफाई पर कायम हैं और उन्होंने अपनी गलती के लिए खेद भी जताया है। इस सफाई और खेद जताने को देखते हुए गांधी ने हाई कोर्ट से अनुरोध किया कि भोपाल की स्पेशल MP/MLA कोर्ट में चल रही आपराधिक कार्यवाही को खत्म कर दिया जाए।

यह भी पढ़ें – यूपी बीजेपी की नई टीम का ऐलान, नीरज सिंह और पूजा पाल समेत किन चेहरों को मिली जिम्मेदारी?

बता दें कि आपराधिक मानहानि का यह मामला 2018 के विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान गांधी की उन टिप्पणियों से जुड़ा है जिनमें उन्होंने आरोप लगाया था कि पनामा पेपर्स लीक में कार्तिकेय सिंह चौहान का नाम शामिल था। कार्तिकेय सिंह ने इस आरोप का खंडन करते हुए कहा कि न तो उनका और न ही उनके परिवार का उन विदेशी वित्तीय दस्तावेजों से कोई संबंध था। इसके बाद उन्होंने भारतीय दंड संहिता की धारा 499 और 500 के तहत शिकायत दर्ज कराई और आरोप लगाया कि इस बयान से उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा है।

भोपाल की MP/MLA कोर्ट ने जारी किया समन

भोपाल की स्पेशल MP/MLA कोर्ट ने इस मामले में दिसंबर 2024 में शिकायत का संज्ञान लिया और राहुल गांधी को ट्रायल का सामना करने के लिए समन जारी किया। उस आदेश को चुनौती देते हुए गांधी ने कार्यवाही को रद्द करने की मांग करते हुए हाई कोर्ट का रुख किया।

कार्तिकेय सिंह चौहान की ओर से पेश हुए वकील संकल्प कोचर ने कहा कि “हमने कोर्ट में दलील दी कि गांधी का खेद आदेश का हिस्सा बने और फिर अर्जी का निपटारा कर दिया जाए।”

author avatar
अमरेन्द्र यादव
लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति शास्त्र में स्नातक करने के बाद जामिया मिल्लिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई। जागरण न्यू मीडिया में बतौर कंटेंट राइटर काम करने के बाद 'बोले भारत' में कॉपी राइटर के रूप में कार्यरत...सीखना निरंतर जारी है...

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version