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महाराष्ट्र में मूसलाधार बारिश से हालात हुए खराब, मुंबई के सभी स्कूल-कॉलेज मंगलवार को भी बंद, नासिक में बादल फटने की चेतावनी

बारिश का सबसे गंभीर असर पालघर जिले के रेलवे नेटवर्क पर देखने को मिला है। पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) विनीत अभिषेक ने बताया कि रविवार रात से सोमवार सुबह के बीच पालघर में कुछ ही घंटों में 300 मिमी से अधिक बारिश दर्ज की गई।

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महाराष्ट्र में मूसलाधार बारिश से हालात हुए खराब। फोटोः एक्स

मुंबईः महाराष्ट्र में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। मुंबई, पालघर, पुणे और आसपास के कई जिलों में सोमवार से जारी भारी बारिश के बीच बीएमसी ने एहतियात के तौर पर मंगलवार (7 जुलाई) को भी मुंबई के सभी स्कूलों और कॉलेजों में अवकाश घोषित कर दिया है। दूसरी ओर पालघर जिले में रेलवे ट्रैक पर पानी भर जाने से वसई, नालासोपारा और विरार के बीच लोकल और कई एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन ठप हो गया है। वहीं, नासिक प्रशासन ने अत्यधिक बारिश और बादल फटने जैसी स्थिति की आशंका को लेकर हाई अलर्ट जारी किया है।

मुंबई में स्कूल-कॉलेज बंद, कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित

भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने मुंबई और आसपास के इलाकों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए अगले 24 घंटों के दौरान भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है। मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए बीएमसी ने छात्रों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी स्कूलों और कॉलेजों को बंद रखने का फैसला किया। प्रशासन ने अभिभावकों और नागरिकों से अपील की है कि वे बेहद जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलें और मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करें।

लगातार बारिश का असर केवल मुंबई तक सीमित नहीं है। पालघर, पुणे और मुंबई के कई हिस्सों में जलभराव से सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। कई इलाकों में घंटों तक बिजली आपूर्ति बाधित रही है। पुणे में भारी बारिश के कारण हाईवे और रेलवे ट्रैक दोनों प्रभावित हुए हैं, जबकि मुंबई महानगर क्षेत्र के वसई, विरार और नालासोपारा के कई रिहायशी इलाकों में पानी भरने से लोगों को घरों में रहने के लिए मजबूर होना पड़ा है।

Urban flood in a city: left side shows submerged cars along a tall building-lined street; right side people wading in water with umbrellas.

पालघर में 300 मिमी से ज्यादा बारिश, रेल सेवाएं ठप

बारिश का सबसे गंभीर असर पालघर जिले के रेलवे नेटवर्क पर देखने को मिला है। पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) विनीत अभिषेक ने बताया कि रविवार रात से सोमवार सुबह के बीच हुई मूसलाधार बारिश के दौरान पालघर में कुछ ही घंटों में 300 मिमी से अधिक बारिश दर्ज की गई। इसके चलते वसई, नालासोपारा और विरार के बीच रेलवे ट्रैक पानी में डूब गए, जिससे लोकल और लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन प्रभावित हो गया।

रेलवे के अनुसार, फिलहाल चर्चगेट से वसई रोड तथा डहाणू रोड से विरार तक लोकल ट्रेनों का सीमित संचालन किया जा रहा है, लेकिन वसई-नालासोपारा-विरार खंड में ट्रैक पर पानी जमा होने के कारण सेवाएं पूरी तरह बंद हैं। कई मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों को नियंत्रित गति से मुंबई लाया जा रहा है, जबकि कुछ ट्रेनों को विरार, पालघर, वापी और वलसाड जैसे स्टेशनों पर ही शॉर्ट टर्मिनेट किया गया है। कई ट्रेनों के समय में भी बदलाव किया गया है।

विनीत अभिषेक ने बताया कि नालासोपारा में शहर और रेलवे ट्रैक पर पानी का स्तर लगभग समान होने के कारण ट्रैक से पानी की निकासी नहीं हो पा रही है। ऐसे में पानी का स्तर कम होने के बाद ही रेल सेवाएं सामान्य हो सकेंगी। उन्होंने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कोशिश की जा रही है कि ट्रेनों को दो स्टेशनों के बीच न रोककर स्टेशन पर ही रोका जाए, ताकि जरूरत पड़ने पर यात्रियों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी लगातार प्रभावित इलाकों में मौजूद हैं और कंट्रोल रूम से हालात पर नजर रखे हुए हैं। प्रभावित ट्रेनों की जानकारी यात्रियों तक सोशल मीडिया, इलेक्ट्रॉनिक और प्रिंट मीडिया के साथ-साथ रेलवे स्टेशनों पर लगातार की जा रही घोषणाओं के जरिए पहुंचाई जा रही है।

नासिक में बांध और कडवा नदी को लेकर अलर्ट

उधर नासिक जिले में भी प्रशासन ने संभावित भारी बारिश को लेकर विशेष चेतावनी जारी की है। पालखेड़ सिंचाई उपमंडल, पिंपलगांव (बी) ने कहा है कि जिले और आसपास के क्षेत्रों में अत्यधिक वर्षा तथा बादल फटने जैसी स्थिति बनने की संभावना है। यदि पालखेड़ बांध के जलग्रहण क्षेत्र में पानी का प्रवाह तेजी से बढ़ता है और जलस्तर खतरनाक स्तर तक पहुंचता है तो वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर बांध से कडवा नदी में चरणबद्ध तरीके से पानी छोड़ा जा सकता है।

प्रशासन ने कडवा नदी के किनारे रहने वाले लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। लोगों से नदी में प्रवेश नहीं करने, पशुधन, कृषि उपकरण, मोटर पंप और अन्य जरूरी सामान सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने तथा प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।

मौसम विभाग और राज्य प्रशासन ने अगले 24 घंटों को बेहद अहम बताते हुए लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने, केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। लगातार हो रही बारिश को देखते हुए प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त राहत एवं बचाव उपाय लागू किए जा सकते हैं।

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समाचार एजेंसी आईएएनएस इनपुट के साथ

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अनिल शर्मा
दिल्ली विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में उच्च शिक्षा। 2015 में 'लाइव इंडिया' से इस पेशे में कदम रखा। इसके बाद जनसत्ता और लोकमत जैसे मीडिया संस्थानों में काम करने का अवसर मिला। अब 'बोले भारत' के साथ सफर जारी है...

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