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पश्चिम बंगालः दूसरे चरण की वोटिंग से पहले चुनाव आयोग की कड़ी कार्रवाई, 809 लोगों को किया गिरफ्तार

पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण के मतदान से पहले चुनाव आयोग ने कड़ा एक्शन लेते हुए 809 लोगों को गिरफ्तार किया है।

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फोटोः समाचार एजेंसी आईएएनएस

कोलकाताः भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने मंगलवार (28 अप्रैल) को जानकारी दी कि पश्चिम बंगाल में बुधवार को होने वाले दूसरे चरण के मतदान से पहले सोमवार रात से मंगलवार दोपहर तक पिछले 12 घंटों में 809 अतिरिक्त गिरफ्तारियां की गई हैं। 29 अप्रैल को दूसरे चरण की 142 सीटों पर मतदान होगा।

पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) के कार्यालय ने बताया कि रविवार शाम से पिछले 24 घंटों में 1,095 एहतियाती गिरफ्तारियां की गईं जबकि सुबह से पिछले 36 घंटों में यही आंकड़ा 1,583 रहा।

चुनाव आयोग ने गिरफ्तार लोगों का नहीं दिया ब्यौरा

चुनाव आयोग ने हालांकि मंगलवार को सोमवार (27 अप्रैल) रात से की गई 809 नई गिरफ्तारियों का जिलावार ब्यौरा नहीं दिया, जैसा कि सोमवार को पिछली गिरफ्तारियों (1,583 व्यक्तियों) के मामले में दिया था।

इस बार चुनाव आयोग ने पूरे राज्य में “संभावित उपद्रवियों” की पहचान करने और उन्हें हिरासत में लेने पर विशेष जोर दिया है ताकि वे पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दोनों चरणों में से किसी में भी मतदान प्रक्रिया को बाधित न कर सकें।

इस बीच सोमवार (27 अप्रैल) को कलकत्ता उच्च न्यायालय की न्यायमूर्ति कृष्णा राव की एकल पीठ ने चुनाव आयोग द्वारा नियुक्त पुलिस पर्यवेक्षक अजय पाल शर्मा के खिलाफ दायर याचिका पर हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया था।

अजयपाल शर्मा को सोमवार को एक वीडियो में दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हार्बर स्थित फाल्टा विधानसभा क्षेत्र में तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार जहांगीर खान के परिवार के सदस्यों और स्थानीय लोगों को धमकी देते हुए देखा गया था। मंगलवार को दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हार्बर के पुलिस पर्यवेक्षक अजय पाल शर्मा के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।

कलकत्ता हाई कोर्ट में दायर की थी याचिका

मामले की पैरवी कर रहे वकील ने अजय पाल शर्मा को रोकने के लिए अदालत के हस्तक्षेप की अपील करते हुए कलकत्ता उच्च न्यायालय में याचिका दायर की। हालांकि, मामला दर्ज करने की प्रक्रिया पूरी न होने के कारण मंगलवार को पूर्ण न्यायालय की सुनवाई नहीं हुई।

न्यायाधीश ने हालांकि प्रारंभिक सुनवाई के बाद कहा कि पश्चिम बंगाल में 29 अप्रैल को दूसरे चरण का मतदान होने तक वे राज्य चुनावों के प्रभारी किसी भी व्यक्ति के काम में हस्तक्षेप नहीं करेंगे।

गौरतलब है कि इससे पहले चुनाव आयोग ने सोमवार को भी कड़ी कार्रवाई करते हुए 500 करोड़ रुपये से अधिक की नकदी, शराब बरामद की थी।

यह भी पढ़ें – पश्चिम बंगाल में अंतिम चरण के मतदान से पहले चुनाव आयोग को बड़ी सफलता, 500 करोड़ रुपये से अधिक नकदी, शराब, ड्रग्स बरामद

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अमरेन्द्र यादव
लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति शास्त्र में स्नातक करने के बाद जामिया मिल्लिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई। जागरण न्यू मीडिया में बतौर कंटेंट राइटर काम करने के बाद 'बोले भारत' में कॉपी राइटर के रूप में कार्यरत...सीखना निरंतर जारी है...

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