कोलकाताः पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में गुरुवार, 8 जनवरी को I-PAC कार्यालय में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की छापेमारी के दौरान भयंकर ड्रामा देखने को मिला। ईडी की छापेमारी के दौरान सीएम ममता बनर्जी I-PAC प्रमुख प्रतीक जैन के आवास पहुंची। उन्होंने विधानसभा चुनाव से जुड़े उम्मीदवारों संबंधी दस्तावेज चुराने का आरोप लगाया।
इस दौरान उन्होंने दावा किया कि इस छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने उनकी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की हार्ड डिस्क के साथ-साथ आंतरिक दस्तावेजों और संवेदनशील डेटा को जब्त करने का प्रयास किया।
ममता बनर्जी भाजपा पर भड़कीं
ईडी ने कहा कि मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच से जुड़े तलाशी अभियान I-PAC (इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी) के कार्यालय में भी चलाए गए जो पश्चिम बंगाल की सत्तारूढ़ पार्टी टीएमसी के लिए राजनीतिक परामर्श का काम करती है और उसके आईटी और मीडिया सेल की देखरेख भी करती है।
सीएम ममता बनर्जी के जैन के आवास पर जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गया। वीडियो में ममता बनर्जी काफी उत्तेजित नजर आ रही थीं और शोरगुल भरे माहौल के बीच मीडियाकर्मियों से बचते हुए दिखाईं दीं।
उन्होंने I-PAC के कार्यालय में हुई छापेमारी को ‘राजनैतिक रूप से प्रेरित और असंवैधानिक’ बताया। समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, ममता बनर्जी ने कहा “उन्होंने हमारे सूचना प्रौद्योगिकी प्रमुख के आवास पर छापा मारा। वे मेरी पार्टी के दस्तावेज और हार्ड डिस्क जब्त कर रहे थे जिनमें विधानसभा चुनाव के लिए हमारे उम्मीदवारों का विवरण था। मैंने उन्हें वापस ले लिया है।”
उन्होंने आगे कहा “क्या मेरे सभी पार्टी दस्तावेज जब्त करना गृह मंत्री अमित शाह और ईडी का कर्तव्य है? अगर मैं भाजपा पार्टी कार्यालय जाऊं तो क्या होगा? एसआईआर के तहत 5 लाख नाम हटा दिए गए हैं। सिर्फ चुनाव होने के कारण वे मेरी पार्टी के सभी दस्तावेज जब्त कर रहे हैं।”
ममता ने चुनौती देते हुए पूछा “अगर हम ईडी की इस तलाशी का जवाब बंगाल में भाजपा के पार्टी कार्यालयों पर छापेमारी करके दें तो क्या होगा? हम तो संयम बरत रहे हैं।”
उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि अगर आप (भाजपा) हमसे मुकाबला नहीं कर सकते तो बंगाल क्यों आ रहे हैं? उन्होंने कहा कि आप एजेंसियों का इस्तेमाल हमारे पेपर, हमारी रणनीति, हमारे मतदाता, हमारा डेटा और हमारा बंगाल लूटने के लिए कर रहे हैं। ममता ने आगे कहा कि आप ऐसा करके सीटें घटकर जीरो हो जाएंगी।
ममता बनर्जी ने घोषणा की कि टीएमसी बंगाल भर में विरोध प्रदर्शन आयोजित करेगी जिसे उन्होंने I-PAC कार्यालय में छापेमारी के दौरान टीएमसी दस्तावेजों की “लूट” बताया।
भाजपा ने ममता को घेरा
भाजपा नेता और पश्चिम बंगाल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी के प्रतीक जैन के आवास पर जाने को लेकर निशाना साधा और इसे असंवैधानिक और हस्तक्षेप करार दिया। उन्होंने कहा कि ईडी को सीएम ममता बनर्जी के खिलाफ कदम उठाने चाहिए।
अधिकारी ने ईडी की छापेमारी के दौरान ममता के प्रतीक जैन के आवास पर जाने को लेकर पत्रकारों से बातचीत में कहा “मुझे लगता है कि मुख्यमंत्री और कोलकाता पुलिस आयुक्त का दौरा अनैतिक, असंवैधानिक और केंद्रीय एजेंसी की जांच में सीधा हस्तक्षेप था।”
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इसके बाद ममता बनर्जी कोलकाता के पुलिस कमिश्नर राजीव कुमार के भी आवास पर गईं।
ईडी ने जारी किया बयान
ईडी ने बाद में तलाशी के संबंध में एक बयान जारी किया और कहा कि ये अवैध कोयला तस्करी की जांच का हिस्सा थीं। साथ ही यह भी कहा कि छापे “सबूतों पर आधारित” थे और “किसी भी राजनीतिक प्रतिष्ठान को लक्षित नहीं थे”। एएनआई द्वारा साझा किए गए एक बयान के अनुसार, ईडी ने कहा “तलाशी 10 स्थानों पर जारी है – छह पश्चिम बंगाल में और चार दिल्ली में।”
ईडी के बयान में आगे कहा गया कि इस तलाशी में नकदी के लेन-देन, हवाला हस्तांतरण आदि से जुड़े विभिन्न परिसरों को शामिल किया गया है। किसी भी पार्टी कार्यालय की तलाशी नहीं ली गई है। यह तलाशी किसी भी चुनाव से संबंधित नहीं है और मनी लॉन्ड्रिंग के खिलाफ नियमित कार्रवाई का हिस्सा है।”

