Home विश्व ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाक को मिला था चीन का साथ, ड्रैगन...

ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाक को मिला था चीन का साथ, ड्रैगन ने कबूला सच

china-supported-pakistan-during-operation-sindoor-big confession by dragon, ऑपरेशन सिंदूर, चीन, पाकिस्तान, जम्मू-कश्मीर
फोटोः आईएएनएस

बीजिंगः ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor) के दौरान चीन ने पाकिस्तान का साथ दिया था। भारत द्वारा पाकिस्तान पर पहलगाम हमले के बाद की गई कार्रवाई के एक साल बाद चीन का यह कबूलनामा आया है। चीन के आधिकारिक मीडिया के मुताबिक, बीजिंग ने बीते साल भारत के साथ युद्ध के दौरान पाकिस्तान को तकनीकी सहायता दल भेजकर मदद की थी।

चीन की सरकारी विमानन उद्योग निगम (AVIC) के चेंगदू विमान डिजाइन और अनुसंधान संस्थान के इंजीनियर झांग हेंग ने खुलासा किया कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद चार दिनों तक चले युद्ध के दौरान चीनी कर्मियों को घटनास्थल पर तैनात किया गया था।

ऑपरेशन सिंदूर के दौरान चीन ने दिया था पाक का साथ

साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट द्वारा उद्धृत रिपोर्टों की मानें तो पाकिस्तानी वायु सेना ने AVIC की सहायक कंपनियों द्वारा विकसित चीनी निर्मित चेंगदू J-10CE लड़ाकू विमान का संचालन किया।

झांग ने कहा ” ऐसा होना तय लग रहा था। विमान को बस सही मौके की जरूरत थी। और जब वो पल आया, तो उसने ठीक वैसा ही प्रदर्शन किया जैसा हमें उम्मीद थी।”

उन्होंने आगे कहा ” सहायता केंद्र पर, हम अक्सर लड़ाकू विमानों के उड़ान भरने की गर्जना और हवाई हमले के सायरन की लगातार आवाज सुनते थे। ” ” मई के महीने में, सुबह होते-होते तापमान 50 डिग्री सेल्सियस (122 डिग्री फारेनहाइट) के करीब पहुंच जाता था। यह हमारे लिए मानसिक और शारीरिक दोनों रूप से एक कठिन परीक्षा थी। “

झांग ने बताया कि उनकी टीम को मौके पर सहायता प्रदान करने में और भी बेहतर काम करने की इच्छा और यह सुनिश्चित करने की प्रेरणा मिली कि उनके उपकरण ” अपनी पूरी युद्ध क्षमता के साथ प्रदर्शन कर सकें। “

इससे पहले खबरें आई थीं कि पाकिस्तान द्वारा संचालित एक चीनी मूल के लड़ाकू विमान ने कम से कम एक फ्रांसीसी निर्मित भारतीय विमान, डसॉल्ट राफेल को मार गिराया था। जे-10सीई चीन के जे-10सी 4.5 पीढ़ी के लड़ाकू विमान का निर्यात संस्करण है, जो एईएसए रडार और उन्नत वायु-से-वायु मिसाइल प्रणालियों से लैस है।

यह भी पढ़ें – ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत को रोकने के लिए पाकिस्तान ने अमेरिका में की थी जबरदस्त लॉबिंग; 60 बार गुहार लगाई

पाकिस्तान एकमात्र ज्ञात विदेशी ऑपरेटर है, जिसने 2020 में 36 विमानों के साथ 250 पीएल-15 मिसाइलों का ऑर्डर दिया था।

पहलगाम में हुआ था हमला

गौरतलब है कि 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम की बैसरन घाटी में बंदूकधारी आतंकवादियों ने पर्यटकों पर हमला कर दिया था। इस गोलीबारी में 26 लोग मारे गए थे। मारे गए लोगों में अधिकतर पर्यटक थे।

इस घटना के जवाब भारतीय सेनाओं ने छह और सात मई की दरम्यानी रात पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (POK) के आतंकी ठिकानों को निशाना बनाते हुए प्रतिक्रिया दी थी। भारत ने इसका नाम ऑपरेशन सिंदूर दिया था।

भारतीय रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, इस कार्रवाई में पाकिस्तान के करीब 100 आतंकी मारे गए थे। इसके साथ ही भारत ने पाकिस्तान के साथ जारी सिंधु जल समझौते को भी रद्द कर दिया था। भारत द्वारा की गई कार्रवाई के जवाब में पाकिस्तान ने भी मिसाइलें और ड्रोन हमले किए। इसके चलते दोनों देशों के बीच सीमा पर तीन दिनों तक हमले होते रहे।

10 मई को 3 दिनों की तनावपूर्ण स्थिति के बाद दोनों देशों के बीच युद्धविराम पर सहमति बनी थी।

operation sindoor , ऑपरेशन सिंदूर
ऑपरेशन सिंदूर फोटोः आईएएनएस

गौरतलब है कि दोनों देशों के बीच संघर्ष के बीच चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने दावा किया था कि बीजिंग ने इस संघर्ष में मध्यस्थ की भूमिका निभाई। बीजिंग में एक संगोष्ठी में बोलते हुए वांग ने कहा कि चीन ने दक्षिण एशिया सहित कई वैश्विक संघर्षों में संतुलित दृष्टिकोण अपनाया है।

भारत ने हालांकि बार-बार बाहरी मध्यस्थता के दावों को खारिज करते हुए यह कहा है कि मई के संघर्ष के बाद हुआ युद्धविराम द्विपक्षीय रूप से हासिल किया गया था।

author avatar
अमरेन्द्र यादव
लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति शास्त्र में स्नातक करने के बाद जामिया मिल्लिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई। जागरण न्यू मीडिया में बतौर कंटेंट राइटर काम करने के बाद 'बोले भारत' में कॉपी राइटर के रूप में कार्यरत...सीखना निरंतर जारी है...

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version