मुंबई: अभिनेता अजय देवगन की आगामी फिल्म ‘चौहान’ टीजर के बाद से ही विवादों में घिर गई है। फिल्म के टीजर में कश्मीर संघर्ष के चित्रण को लेकर हुई आलोचना के ठीक बाद, अब ‘क्षत्रिय परिषद’ ने इस पर कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। संगठन ने फिल्म के निर्माताओं पर राजपूत पहचान और चौहान वंश के इतिहास का राजनीतिक इस्तेमाल करने का आरोप लगाया है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी एक बयान में संगठन ने कहा कि चौहान वंश भारत की ऐतिहासिक धरोहर है, न कि किसी राजनीतिक या वैचारिक अभियान का माध्यम। परिषद ने आरोप लगाया कि फिल्म के जरिए राजपूत इतिहास और पहचान को समकालीन सांप्रदायिक और राजनीतिक विमर्श से जोड़ने की कोशिश की जा रही है, जो गैर-जिम्मेदाराना और अपमानजनक है।
संगठन ने दिए मध्यकालीन इतिहास के उदाहरण
परिषद ने अपने बयान में कहा कि राजपूत इतिहास का इस्तेमाल “राजनीतिक हथियार” के रूप में नहीं होना चाहिए। संगठन का कहना है कि मध्यकालीन भारत के राजनीतिक गठबंधनों को आज के सांप्रदायिक नजरिए से देखना इतिहास के साथ अन्याय होगा।
अपने तर्क के समर्थन में परिषद ने कई ऐतिहासिक उदाहरण भी दिए। बयान में कहा गया कि महाराणा सांगा के साथ महमूद लोदी, महाराणा प्रताप की सेना में हकीम खान सूर, राजा रायसल शेखावत के साथ फरीद खान (बाद में शेरशाह सूरी) और महाराजा विक्रमादित्य तोमर जैसे उदाहरण बताते हैं कि उस दौर के राजनीतिक और सैन्य गठबंधन धर्म के आधार पर नहीं, बल्कि राज्यहित, रणनीति और निष्ठा के आधार पर बनते थे।
संगठन ने कहा कि इतिहास की जटिलताओं को नजरअंदाज कर उसे मौजूदा राजनीतिक बहसों का हिस्सा बनाना उचित नहीं है। उसने फिल्म निर्माताओं, राजनीतिक दलों और मीडिया से ऐतिहासिक विषयों को जिम्मेदारी के साथ प्रस्तुत करने की अपील भी की।
हालांकि, ‘क्षत्रिय परिषद’ के बयान पर सोशल मीडिया पर मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिली। कई यूजर्स ने सवाल उठाया कि यह संगठन पूरे राजपूत समाज का प्रतिनिधित्व कैसे कर सकता है।
एक यूजर ने लिखा, “आप कौन हैं? आपको पूरे राजपूत समाज की ओर से बोलने का अधिकार किसने दिया?” वहीं, दूसरे यूजर ने टिप्पणी की, “चौहान सिर्फ राजपूतों का उपनाम नहीं है, कई अन्य समुदायों के लोग भी इसका इस्तेमाल करते हैं।”
‘पठानों से कह दो, चौहान आ रहा है’ संवाद पर भी विवाद
यह पहली बार नहीं है जब ‘चौहान’ विवादों में आई हो। फिल्म के टीजर के रिलीज होते ही कश्मीर को लेकर उसके चित्रण और कुछ संवादों पर सवाल उठने लगे थे। सबसे अधिक चर्चा उस संवाद की हुई जिसमें पेलेट गन से होने वाले नुकसान को सीमित बताया गया था।
इस पर अभिनेत्री स्वरा भास्कर ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि पेलेट गन कोई मामूली हथियार नहीं, बल्कि मानवाधिकारों के उल्लंघन का प्रतीक रही है। उन्होंने यह भी कहा कि कश्मीरियों और पठानों को एक ही तरह से दिखाना तथ्यों के अनुरूप नहीं है और फिल्म निर्माताओं को बेहतर शोध करना चाहिए।
टीजर में अजय देवगन की आवाज में सुनाई देने वाला संवाद, “पठानों से कह दो, चौहान आ रहा है”, भी सोशल मीडिया पर बहस का विषय बन गया। कई लोगों ने आरोप लगाया कि इस संवाद के जरिए मुस्लिम समुदाय की नकारात्मक छवि पेश की गई है और राजपूत पहचान का इस्तेमाल एक बड़े राजनीतिक संदेश के लिए किया गया है।
कब रिलीज होगी फिल्म?
निर्देशक नीरज यादव के निर्देशन में बनी ‘चौहान’ को जियो स्टूडियोज और आनंद एल राय की कलर येलो प्रोडक्शंस ने प्रोड्यूस किया है। फिल्म के शीर्षक की घोषणा हाल ही में अजय देवगन के पिता और प्रसिद्ध एक्शन डायरेक्टर वीरू देवगन की 92वीं जयंती पर की गई थी। एक्शन-ड्रामा शैली की यह फिल्म 1 अक्टूबर 2027 को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है।

