पठानकोटः भारतीय सेना की पश्चिमी कमान ने पाकिस्तान को पिछली बार की तुलना में “अधिक कठोर” प्रतिक्रिया की चेतावनी दी है। इसके साथ ही इस बात पर भी जोर दिया है कि ऑपरेशन सिंदूर 2.0 अभी भी जारी है।
पहलगाम आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत के बाद भारतीय सशस्त्र बलों ने पिछले साल मई में ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। इसके बाद, भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में आतंकी ढांचे को निशाना बनाते हुए सटीक सैन्य हमले किए।
पाकिस्तान को दिया कड़ा संदेश
2 कोर के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (जीओसी) लेफ्टिनेंट जनरल राजेश पुष्कर ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को एक कड़ा संदेश दिया। वहीं ऑपरेशन सिंदूर 2.0 जारी है और इस बार तैयारियों का पैमाना कहीं अधिक बड़ा है।
बीते साल मई में शुरू किए गए ऑपरेशन सिंदूर पर विचार करते हुए पुष्कर ने कहा कि भारत ने पाकिस्तान को कड़ा संदेश दिया और सिर्फ चार दिनों में ही उस देश को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया गया।
लेफ्टिनेंट जनरल पुष्कर ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि “हमने ऑपरेशन में पाकिस्तान को बहुत छोटा सा नमूना दिया। सिर्फ चार दिनों में ही वे घुटने टेकने पर मजबूर हो गए और उन्होंने हमारे डीजीएमओ को फोन करके युद्ध रोकने को कहा… यह एक बहुत छोटा सा उदाहरण था और इसका उद्देश्य प्रशिक्षण देना था।” उन्होंने पंजाब के पठानकोट में पश्चिमी कमान के उच्च स्तरीय ऑपरेशनल कैपेबिलिटी डेमोंस्ट्रेशन के दौरान ये बातें कहीं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह अतीत में इस बात को दोहरा चुके हैं कि आतंकवाद के प्रति भारत की “शून्य सहिष्णुता नीति” के अनुरूप ऑपरेशन सिंदूर जारी है।
समाचार एजेंसी एएनआई ने जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ (जीओसी-इन-सी) के हवाले से कहा कि “वह (शहबाज शरीफ) हमें कोई भी ठोस कार्रवाई करने से रोकना चाहते हैं… यह एक तरह का छल है, जिसका हमें पर्दाफाश करना होगा। हम उनके परमाणु छल से नहीं डरेंगे।”
उन्होंने आगे कहा कि “ऑपरेशन सिंदूर जारी है… ऑपरेशन सिंदूर 2 की तैयारियां काफी व्यापक हैं। मैं अभी आपको यह नहीं बता सकता कि यह ऑपरेशन कैसे आगे बढ़ेगा क्योंकि यह इस बात पर निर्भर करेगा कि हम दुश्मन को कितना नुकसान पहुंचाना चाहते हैं। चाहे वह किसी भी तरह का नुकसान हो, चाहे जमीन पर हो, समुद्र में हो या हवा में, हम उसे अंजाम देने के लिए हमेशा तैयार हैं।”
परमाणु धमकी से नहीं डरेंगे
पश्चिमी कमान के सैन्य प्रमुख ने अपनी तत्परता पर जोर दिया। एक अन्य वरिष्ठ सैन्य अधिकारी ने भी कहा कि पाकिस्तान की ओर से किसी भी प्रकार की उकसाहट का इस बार “कड़ी” जवाबी कार्रवाई की जाएगी।
पश्चिमी कमान के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ (जीओसी-इन-सी) लेफ्टिनेंट जनरल मनोज कुमार कटियार ने कहा कि भारत अब पाकिस्तान के “परमाणु धमकी” से नहीं डरेगा। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भारतीय सेना को कोई भी ठोस कार्रवाई करने से “रोकना चाहते हैं”।

