नई दिल्लीः दिल्ली-एनसीआर के अंतर्गत आने वाला गाजियाबाद शहर भारत का सबसे ज्यादा प्रदूषित शहर है। राजधानी दिल्ली इस लिस्ट में चौथे स्थान पर है। सेंटर फॉर रिसर्च ऑन एनर्जी एंड क्लीन एयर (CREA) ने एक रिपोर्ट तैयार की है। यह रिपोर्ट नवंबर महीने में तैयार की गई है।
इस लिस्ट में नोएडा दूसरे स्थान पर रही। वहीं, तीसरे स्थान पर बहादुरगढ़ का स्थान रहा। इसके बाद दिल्ली चौथे, हापुड़ पांचवे, ग्रेटर नोएडा छठे, बागपत सातवें, सोनीपत आठवें, मेरठ नौवें, रोहतक दसवें स्थान पर हैं।
एनसीआर में दर्ज किया गया अधिक प्रदूषण
पराली जलाने में उल्लेखनीय कमी के बावजूद, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के 29 में से 20 शहरों में पिछले साल की तुलना में प्रदूषण का स्तर ज्यादा दर्ज किया गया। एनसीआर में वायु प्रदूषण के लिए पहले पंजाब और हरियाणा को जिम्मेदार ठहराया जाता था, पिछले चार सालों में इन दोनों राज्यों में पराली जलाने की घटनाओं में 80 से 90 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है।
ऊर्जा एवं स्वच्छ वायु अनुसंधान केंद्र (CREA) का नवंबर 2025 मासिक वायु गुणवत्ता स्नैपशॉट, वास्तविक समय सतत परिवेशी वायु गुणवत्ता निगरानी केंद्रों (CAAQMS) के PM2.5 से प्राप्त आंकड़े प्रस्तुत करता है। रिपोर्ट देश भर में वायु गुणवत्ता में उल्लेखनीय गिरावट का संकेत देती है।
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इस रिपोर्ट में कहा गया है कि, “इस साल नवंबर में गाजियाबाद देश का सबसे प्रदूषित शहर रहा जहां मासिक औसत PM2.5 सांद्रता 224 µg/m³ रही, जो महीने के हर दिन राष्ट्रीय परिवेशी वायु गुणवत्ता मानकों (NAAQS) का उल्लंघन है।” इसमें आगे कहा गया है कि शहर में 19 ‘बहुत खराब’ दिन, 10 ‘गंभीर’ दिन और एक ‘खराब’ दिन रहा।
सर्वाधिक प्रदूषित शहरों में यूपी के 6 और हरियाणा के 3
सीआरईए की रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि “शीर्ष दस शहरों में से छह उत्तर प्रदेश के हैं उसके बाद हरियाणा के तीन और दिल्ली के तीन शहर हैं।”
इन सभी दस शहरों में दिल्ली को छोड़कर बीते साल की तुलना में PM2.5 का स्तर अधिक दर्ज किया गया। इस रिपोर्ट में कहा गया कि दिल्ली चौथे सबसे प्रदूषित शहर के रूप में स्थान पर रही, जहां नवंबर में मासिक औसत पीएम 2.5 सांद्रता 215 µg/m³ दर्ज की गई, जो अक्टूबर के स्तर 107 µg/m³ से लगभग दोगुना है। शहर में नवंबर भर में 23 ‘बहुत खराब’ दिन, छह ‘गंभीर’ दिन और एक ‘खराब’ दिन का अनुभव हुआ।
राज्य स्तर पर देखें तो राजस्थान में सर्वाधिक प्रदूषित शहरों की संख्या अधिक है। यहां पर नवंबर में 34 में से 23 शहरों का वायुमंडल NAAQS से ऊपर था। वहीं, हरियाणा के 25 शहरों में से 23 थे। वहीं, उत्तर प्रदेश में 20 में से 14 शहर थे।

