कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत में एक बार फि खूनी गैंगवार मामला सामने आया है। गुरुवार शाम बर्नाबी शहर में 28 वर्षीय दिलराज सिंह गिल की गोली मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस का मानना है कि यह वारदात इलाके में चल रहे गैंग संघर्ष की ताजा कड़ी है। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत फैल गई, जबकि जांच एजेंसियों ने इसे टारगेटेड किलिंग बताया है।
पुलिस के मुताबिक, शाम करीब 5:30 बजे कनाडा वे के 3700 ब्लॉक के पास दिलराज सिंह गिल को निशाना बनाकर कई गोलियां चलाई गईं। बर्नाबी आरसीएमपी के अधिकारी मौके पर पहुंचे तो गिल गंभीर रूप से घायल हालत में मिले। उन्हें बचाने की हर संभव कोशिश की गई, लेकिन घटनास्थल पर ही उनकी मौत हो गई।
इस हत्याकांड के कुछ ही समय बाद, घटनास्थल से करीब चार किलोमीटर दूर ‘बक्सटन स्ट्रीट’ के 5000 ब्लॉक में एक कार जलती हुई पाई गई। इंटीग्रेटेड होमिसाइड इन्वेस्टिगेशन टीम (आईएचआईटी) ने पुष्टि की है कि यह जलाई गई कार सीधे तौर पर गिल की हत्या से जुड़ी हुई है। अपराधियों द्वारा वारदात के बाद सबूत मिटाने के लिए गाड़ी को आग लगाने का यह तरीका यहाँ के गैंगवार में अक्सर देखा जाता है।
पुलिस ने बताया टारगेटेड किलिंग
इन्वेस्टिगेशन टीम की सार्जेंट फ्रेडा फॉन्ग ने घटना को बेहद चिंताजनक बताया। उन्होंने कहा कि किसी सार्वजनिक स्थान पर इस तरह की गोलीबारी न सिर्फ पुलिस के लिए, बल्कि पूरे समुदाय के लिए गंभीर चिंता का विषय है। हम लोगों से अपील करते हैं कि जो भी जानकारी या फुटेज उनके पास हो, वह सामने आए।
पुलिस ने साफ किया है कि यह हमला टारगेटेड था और आम जनता के लिए फिलहाल कोई खतरा नहीं है। हालांकि, जांच को आगे बढ़ाने के लिए पुलिस ने 22 जनवरी को शाम 5:00 से 6:30 बजे के बीच कनाडा वे और बक्सटन स्ट्रीट इलाके से जुड़े सीसीटीवी और डैशकैम फुटेज मांगे हैं।
कौन था दिलराज सिंह गिल
28 वर्षीय दिलराज सिंह गिल वैंकूवर का रहने वाला था और पुलिस के लिए कोई नया नाम नहीं था। अधिकारियों के अनुसार, वह पहले भी कई आपराधिक मामलों में संलिप्त रहा है।
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 2021 में उसे ड्रग तस्करी के मामलों में सजा मिली थी। यह सजा 2018 में नॉर्थ वैंकूवर में हुई गिरफ्तारी से जुड़ी थी, जब पुलिस ने उसके पास से नकदी, क्रैक कोकीन और हेरोइन-फेंटानिल मिश्रण बरामद किया था। इससे पहले 2016 में भी उस पर पुलिस से भागने और नशीले पदार्थों की तस्करी से जुड़े आरोप लग चुके थे।
गैंगवार से जुड़ा मामला
जांच एजेंसियों और स्थानीय मीडिया का मानना है कि दिलराज सिंह गिल की हत्या ब्रिटिश कोलंबिया में चल रहे गैंग संघर्ष से जुड़ी हुई है। सूत्रों के मुताबिक, यह मामला इसी महीने एबट्सफोर्ड में मारे गए 28 वर्षीय नवप्रीत धालीवाल की हत्या से भी जुड़ सकता है।
नवप्रीत धालीवाल के संबंध कथित तौर पर ब्रदर्स कीपर्स गैंग से बताए जाते हैं, जबकि गिल के कांग/बीआईबीओ ग्रुप से जुड़े होने की बात सामने आई है। यह गुट बाद में यूएन गैंग में शामिल हो गया था। दोनों गुटों के बीच लंबे समय से हिंसक टकराव चल रहा है।
आईएचआईटी की कॉर्पोरल एस्थर टपर ने कहा, “यह दिनदहाड़े की गई बेहद साहसिक और सुनियोजित हत्या है, जो सीधे तौर पर गैंग राइवलरी की ओर इशारा करती है।”
जली हुई गाड़ी जांच का अहम सुराग
पुलिस ने कहा है कि बक्सटन स्ट्रीट पर जली हुई मिली गाड़ी हत्या से जुड़ी हुई है। माना जा रहा है कि हमलावर वारदात के बाद इसी वाहन से फरार हुए और बाद में सबूत मिटाने के लिए इसे आग के हवाले कर दिया गया।
आईएचआईटी ने लोगों से अपील की है कि यदि उनके पास 22 जनवरी को शाम 4:30 से 6:30 बजे के बीच कनाडा वे, लॉरेल स्ट्रीट, बाउंड्री रोड, गिल्मोर वे, बक्सटन स्ट्रीट, रॉयल ओक एवेन्यू और फॉर्ग्लेन ड्राइव के आसपास की कोई भी सीसीटीवी या डैशकैम फुटेज हो, तो वह तुरंत पुलिस से संपर्क करें।

